Uncategorized

Ambedkarwad: आंबेडकरवाद का नया अध्याय!

Ambedkarwad

Journalist Rajendra K. Gautam

डा. राजेन्द्र कुमार गौतम

भारतीय लोकतंत्र में विपक्षी और आलोचनात्मक आवाजें सत्ता के लिए ‘आईना’ बनने का दावा करती रही हैं। हाल के दिनों में तीन आंबेडकरवादी चेहरे इलाहाबाद हाईकोर्ट के जस्टिस विनोद दिवाकर, आजाद समाज पार्टी के संस्थापक एवं सांसद चंद्रशेखर आजाद तथा काक्रोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिप्के एक साथ चर्चा में हैं। ये तीनों अलग-अलग क्षेत्रों (न्यायपालिका, संसदीय राजनीति और डिजिटल-व्यंग्यात्मक आंदोलन) से आते हुए उत्तर प्रदेश की योगी सरकार और केंद्र की मोदी सरकार की नीतियों, खासकर कानून-व्यवस्था, पुलिस कार्रवाई और सामाजिक न्याय पर तीखे सवाल उठा रहे हैं। क्या यह सच्चा संवैधानिक ‘आईना’ है या बहुजन राजनीति का नया रूप?

जस्टिस विनोद दिवाकर: न्यायपालिका का सख्त पहरेदार

Justice Vinod Diwakar

जस्टिस विनोद दिवाकर ने हालिया फैसलों में उत्तर प्रदेश पुलिस की कार्यशैली पर सबसे तेज हमला बोला है। जून 2026 में राजेंद्र त्यागी मामले में दिए 31 पृष्ठों के फैसले में उन्होंने साफ कहा कि यूपी पुलिस “संविधान के प्रति नहीं, सत्ताधारियों के प्रति वफादार” है। उन्होंने “ट्रांसफर-पोस्टिंग इकोनॉमी”, “फ्यूडल माइंडसेट” और गैंगस्टर एक्ट के दुरुपयोग, एनकाउंटर तथा सिलेक्टिव कार्रवाई जैसे मुद्दों को रेखांकित किया। जस्टिस दिवाकर ने पुलिस आयुक्तों द्वारा सिविल विवादों को आपराधिक रंग देने और राजनीतिक मालिकों को खुश करने की मानसिकता पर चिंता जताई। ये टिप्पणियां महज एक मामले तक सीमित नहीं हैं। उन्होंने आर्म्स लाइसेंस, जब्त वाहनों के निपटान और भ्रष्टाचार जांच में देरी जैसे मुद्दों पर भी सरकार को कठोर निर्देश दिए। आंबेडकरवादी परिप्रेक्ष्य में ये फैसले दलित-बहुजन युवाओं पर “दमन” के प्रतीक बन रहे हैं, जबकि सरकार समर्थक इन्हें न्यायपालिका का “सक्रियतावाद” मानते हैं।

चंद्रशेखर आजाद: भीम आर्मी से संसद तक

Azad Samaj Party President Chandra Shekhar Azad

दूसरी तरफ चंद्रशेखर आजाद भीम आर्मी से राजनीति में आए और आजाद समाज पार्टी के जरिए संसद पहुंचे। वे लंबे समय से यूपी में दलित अत्याचार, पुलिस कार्रवाई और “हरिजन” जैसे शब्दों के इस्तेमाल पर योगी सरकार पर हमला बोलते रहे हैं। सत्ता परिवर्तन यात्रा जैसे कार्यक्रमों के जरिए वे बहुजन एकता का संदेश दे रहे हैं। आजाद का तर्क है कि मोदी-योगी शासन में संवैधानिक मूल्य कमजोर हो रहे हैं और दलित-पीछड़े वर्ग हाशिए पर जा रहे हैं।

अभिजीत दिप्के और “काक्रोच जनता पार्टी”

CJP Founder Abhijit Dipke

तीसरे, अभिजीत दिप्के की काक्रोच जनता पार्टी (मई 2026 में शुरू) पूरी तरह डिजिटल और व्यंग्यात्मक है। CJI के “कॉकरोच” वाले कथित बयान के बाद शुरू हुई यह पार्टी बेरोजगारी, शिक्षा व्यवस्था, NEET पेपर लीक और सिस्टम की नाकामी पर युवाओं को जोड़ रही है। दिप्के अम्बेडकरवादी विचारों को व्यंग्य और मीम्स के जरिए युवा वर्ग तक पहुंचा रहे हैं। लाखों फॉलोअर्स के साथ यह आंदोलन सड़क पर भी उतर रहा है।

इन तीनों की समानता आंबेडकरवादी विचारधारा में है, संवैधानिक मूल्यों, सामाजिक न्याय और सत्ता के दुरुपयोग के खिलाफ लड़ाई। जस्टिस दिवाकर संस्थागत जवाबदेही की बात करते हैं, चंद्रशेखर आजाद मैदानी संघर्ष का प्रतीक हैं और दिप्के युवा असंतोष को डिजिटल भाषा देते हैं। साथ में ये मोदी-योगी सरकार की “लॉ एंड ऑर्डर” छवि को चुनौती दे रहे हैं। लेकिन सवाल भी हैं। क्या जस्टिस दिवाकर के फैसले निष्पक्ष हैं या “सक्रियतावाद” का हिस्सा”? क्या चंद्रशेखर की आलोचना विकास के मुद्दों को नजरअंदाज करती है? और काक्रोच पार्टी का व्यंग्य क्या सार्थक वैचारिक संघर्ष है या सिर्फ वायरल राजनीति? आलोचक इन्हें “विभाजनकारी” और चुनावी ध्रुवीकरण का हिस्सा बताते हैं। भारतीय लोकतंत्र की ताकत यही है कि न्यायाधीश, सांसद और युवा कार्यकर्ता सत्ता को आईना दिखा सकें।

परंतु अगर ये आवाजें केवल एक खेमे तक सीमित रहीं और सकारात्मक समाधान न सुझाए तो ये भी “आईना” की बजाय “धुंधला शीशा” साबित हो सकती हैं। अंततः जनता और इतिहास तय करेगा कि ये तीनों नेता सच्ची बदलाव की ताकत हैं या बस सत्ता विरोध का नया चेहरा। फिलहाल, उत्तर प्रदेश और देश की राजनीति में ये बहस छेड़ चुकी है।

Ambedkarwad ,Ambedkarwad, Ambedkarwad

यह भी पढ़ें: गांधी दर्शन में डूबे ‘आविपा’ के दीमक कर रहे योगी की छवि के साथ खिलवाड़

इ-पेपर: Divya Sandesh

NDS Desk

Recent Posts

Share Market: वैश्विक सुस्ती और कच्चे तेल के उछाल से शेयर बाजार में सतर्कता, सीमित दायरे में कारोबार

Share Market: नई दिल्ली: हफ्ते के दूसरे कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार में मिला-जुला और…

1 week ago

Spain Crowned 2026 FIFA World Cup Champions After Dramatic Extra-Time Victory Over Argentina

FIFA World Cup 2026 winner: Spain has officially captured the 2026 FIFA World Cup, defeating…

2 weeks ago

UP’s Mukhyamantri Shikshak Suraksha Cashless Chikitsa Yojana Proves a Boon

LUCKNOW: Within just ten days of its official launch, the Mukhyamantri Shikshak Suraksha Cashless Chikitsa…

2 weeks ago

CM Yogi Meets Family of Dalit Student Lalita Gautam: “Not a Single Guilty Person Will Escape!

CM Yogi Chief Minister meets family of Dalit student Lalita Gautam, expresses deep grief over…

2 weeks ago

Giants vs Mariners Live Score: San Francisco Dominates Seattle 7-0 in Today’s MLB Matchup

Giants vs. Mariners: SEATTLE, WA — The San Francisco Giants are currently commanding the field…

2 weeks ago

Sonam Wangchuk Hunger Strike Today: भूख हड़ताल 19वें दिन में, बिगड़ती सेहत पर दिल्ली हाई कोर्ट सख्त!

Sonam Wangchuk Hunger Strike : लद्दाख के प्रख्यात पर्यावरणविद् और शिक्षाविद् सोनम वांगचुक (Sonam Wangchuk)…

2 weeks ago